मेरा पानी मेरी विरासत योजना: ऑनलाइन आवेदन, रजिस्ट्रेशन

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मनोहर लाल खट्टर जो हरियाणा के मुख्यमंत्री है उनके द्वारा मेरा पानी मेरी विरासत योजना 2020 का आयोजन किया गया है उनके द्वारा यह Mera Pani Meri Virasat yojana 2020 लांच की गई है। इस योजना के अंतर्गत हरियाणा में स्थित डार्क जोन में शामिल क्षेत्रों में धान की खेती छोड़ने के लिए और धान स्थान पर अन्य फसलों की बुवाई करने वाले किसानों को अति एकड़ ₹7000 की प्रोत्साहन धनराशि प्रदान की जाएगी। किसानों को काफी ज्यादा लाभ पहुंचेगा।

हरियाणा सरकार ने यह बहुत ही अच्छा कदम बढ़ाया है उनकी मदद करने का तो आज के इस पोस्ट के माध्यम से आपको हम मेरा पानी मेरी विरासत योजना के बारे में जानकारी देंगे जिसमें हम आपको बताएंगे कि आप किस प्रकार से इस योजना के तहत लाभ उठा सकते हैं इस योजना के लिए आवेदन करने की प्रक्रिया किस प्रकार है योजना का लाभ उठाने के लिए पात्रता क्या होनी चाहिए उसी के साथ साथ कौन-कौन से दस्तावेजों की जरूरत पड़ेगी।

मेरा पानी मेरी विरासत योजना: ऑनलाइन आवेदन, रजिस्ट्रेशन

मेरा पानी मेरी विरासत योजना 2020

जापानी मेरी विरासत इस योजना के अंतर्गत पहले चरण में 19 ब्लॉक को शामिल किया गया है जिसमें भूजल की गहराई 40 मीटर से अधिक है। इनमें से भी कैथल के सिवन सिरसा गूगल इस्माइल बाद कुरुक्षेत्र में शाहबाद फतेहबाद में रतिया पीपली और बबन शामिल है जिसमें तकरीबन 8 ब्लॉक में धान की रोपाई अधिक है।

इस योजना के तहत वह क्षेत्र भी शामिल किए गए हैं जहां पर 50 हार्स की पावर से ज्यादा क्षमता रखने वाले ट्यूबवेल का इस्तेमाल किया जा रहा है। धान के स्थान पर राज्य के किसान अन्य फसलें जैसे कि कपास, तिल, अरहर, मूंग, उड़द, मक्का और सब्जी की खेती भी कर सकते हैं।

मेरा पानी मेरी विरासत योजना 2020 के अंतर्गत जिन ब्लॉक में पानी 35 मीटर से भी नीचे है वहां पंचायती जमीन पर किसानों को धान की खेती करने की इजाजत नहीं मिलेगी ऐसा हरियाणा के मुख्यमंत्री का कहना है।

मेरा पानी मेरी विरासत योजना 2020 का उद्देश्य

अना में ऐसी बहुत सी जगह है जहां पर पानी की वजह से लोग अपनी खेती नहीं कर पाते और उस जगह पर खेती करना नामुमकिन सा होता है। कभी-कभी तो मुश्किल हालात भी पैदा हो जाते हैं। जिसका किसानों पर बहुत बुरा असर पड़ता है। इसीलिए मुख्यमंत्री द्वारा किसानों से यह अनुरोध किया गया है, कि किसान उस धान की खेती ही ना करें। क्योंकि उस प्रकार के धान की खेती करने के लिए काफी सारे पानी की जरूरत पड़ती है और पानी की लागत कम पड़ने से नुकसान की संभावना ज्यादा बढ़ जाती है।

इसीलिए हरियाणा की सरकार ने इस योजना का आयोजन किया है जिसके तहत वर्तमान सीजन में धान के स्थान पर दूसरी फसल की बुवाई करने के लिए किसानों को इस योजना के अंतर्गत ₹7000 प्रति एकड़ देने का प्रोत्साहन किया गया है। मेरा पानी मेरी विरासत योजना 2020 के तहत यह राशि हरयणा के किसानों को आर्थिक रूप में सहायता के तौर पर प्रदान की जाएगी।

मनोहर लाल जी ने प्रदेश के किसानों से यह अपील की है कि वह जल के संरक्षण को बढ़ावा दें। इस योजना के तहत फसल विविधीकरण अपनाने के लिए किसानों को प्रेरित किया जाएगा।

मेरा पानी मेरी विरासत योजना 2020 के लाभ

  • हरियाणा का किसान इस योजना के तहत लाभ उठा सकता है।
  • दलहन और मक्का की खेती करने के लिए आवश्यक बुवाई और फार्म मशीनरी को उपलब्ध करवाया जाएगा।
  • ड्रिप इरिगेशन और माइक्रो इरिगेशन के लिए किसानों को 80 परसेंट की सब्सिडी भी दी जाएगी।
  • मेरा पानी मेरी विरासत स्कीम के तहत तिल, कपास, उड़द, मक्का, अरहर, मूंग और सब्जी की खेती की जाएगी।
  • जो भी फसलें किसान के द्वारा की जाएंगी उन सभी की न्यूनतम समर्थन मूल्य पर खरीदी की जाएगी।
  • सरकार किसानों को आर्थिक मदद प्रदान करने के लिए ₹7000 प्रति एकड़ दे रही है। जिसके पाने के लिए उनको ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन करवाना होगा।

मेरा पानी मेरी विरासत योजना 2020 विशेषताएं

  • हरियाणा में रहने वाले किसी दूसरे ब्लॉक के इच्छुक किसान जो धान की खेती छोड़कर इस योजना के अंतर्गत लाभ पाना चाहते हैं तब वह भी आवेदन कर सकते हैं।
  • अना के मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने यह भी कह दिया है कि वह अब वेब पोर्टल जारी करेगी। ताकि किसान अपनी समस्याओं का समाधान पाने के लिए उस पोर्टल के जरिए आवाज उठा सके तथा इस योजना का प्रचार भी हो सके।
  • हरियाणा की सरकार इस योजना के अंतर्गत किसानों को आर्थिक रूप से ₹7000 प्रति एकड़ दे रही है। मगर उसी के साथ-साथ खेती में आवश्यक बुराई करने के लिए जो भी उपकरण की जरूरत है। जैसे कि माइक्रो इरीगेशन और ड्रिप इरिगेशन इसके लिए 80% की सब्सिडी भी प्रदान कर रही है।
  • हरियाणा में कुछ ब्लॉक्स में पानी की कमी है जिसकी वजह से धान की खेती किसान नहीं ऊगा सकते। तो इस योजना के अंतर्गत यह कहा गया है कि किसान मक्का, मूंग, उड़द, कपास, अरहर और सब्जी जैसी आदि की खेती कर सकते हैं।

हरयाणा परिवार पहचान पत्र 2020

मेरा पानी मेरी विरासत योजना 2020 के लिए पात्रता/ दस्तावेज

सर आप इस योजना के तहत लाभ पाना चाहते हैं तो इसके लिए आप पात्र होने चाहिए। उसी के साथ साथ कुछ दस्तावेज भी आपके साथ होने चाहिए जैसे कि :-

  • आवेदक किसान होना चाहिए
  • हरियाणा का रहने वाला होना चाहिए
  • आवेदक के पास बैंक खाता होना चाहिए
  • आय का प्रमाण पत्र
  • आयु का प्रमाण पत्र
  • जमीन के कागजात
  • पैन कार्ड
  • आधार कार्ड
  • मोबाइल नंबर
  • पासपोर्ट साइज फोटो
  • निवास का प्रमाण पत्र

मेरा पानी मेरी विरासत योजना 2020 आवेदन कैसे करें

आप मेरा पानी मेरी भी विरासत योजना 2020 के अंतर्गत पंजीकरण करना चाहते हैं तब आपको कुछ स्टेप्स को फॉलो करना होगा तब जाकर आप अपना नाम इस योजना का लाभ पाने के लिए दे सकते हैं।

  • पहले आपको इसी ऑफिशल वेबसाइट पर जाना होगा जिसके बाद आपके सामने बड़ा सा होम पेज खुल जाएगा।
  • पर आपको न्यू रजिस्ट्रेशन नाम का एक ऑप्शन दिखेगा। उस नाम पर आपको क्लिक कर देना है।
  • क्लिक करते ही आपके सामने दोबारा नया पेज खुल जाएगा। इस पेज पर आपको अपना आधार नंबर भरना होगा उसके बाद नेक्स्ट बटन पर क्लिक कर देना है।
  • अब यहां पर नया पेज खुलेगा जिसमें आपको फार्मर डिटेल्स भरनी होंगी। फिर टोटल लैंड होल्डिंग और क्रॉप डिटेल इसकी जानकारी भी देनी होंगी।
  • जानकारियों को भरने के बाद उसको एक बार चेक जरूर कर लें। और चेक करने के बाद आपको सबमिट बटन पर क्लिक कर देना है।
  • बस इतना करते ही आपका पूंजीकरण पूरा हो जाएगा। और आप आवेदन पत्र मेरा पानी मेरी विरासत योजना 2020 का लाभ उठाने के लिए सरकार को भेज चुके है।

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